
नेता प्रतिपक्ष की चुटकी पर मुस्कुराए मुख्यमंत्री… सदन में दिखा खुशनुमा माहौल
UP Budget Session: उत्तर प्रदेश विधानसभा में शुक्रवार को उस समय माहौल हल्का और खुशनुमा हो गया, जब रोजगार के मुद्दे पर चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच दिलचस्प संवाद देखने को मिला। गंभीर बहस के बीच आए इस हल्के-फुल्के पल ने सदन में मौजूद सभी सदस्यों के चेहरों पर मुस्कान ला दी।
रोजगार के मुद्दे पर चल रही थी चर्चा
सदन में उस समय रोजगार और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा चल रही थी। नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे सरकार की नीतियों और रोजगार के अवसरों पर अपनी बात रख रहे थे। इसी दौरान उन्होंने पूर्व सरकारों के कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि जब उन्होंने राजस्व संहिता बनाई थी, तब कई वरिष्ठ नेता इस प्रक्रिया का हिस्सा थे।
उन्होंने कहा, “हम लोगों ने जब राजस्व संहिता बनाई, उस समय शिवपाल सिंह यादव भी थे और मैं भी उसमें शामिल था। उसमें एक व्यवस्था की गई थी।”
मुख्यमंत्री की मुस्कान पर टिप्पणी
अपनी बात रखते हुए अचानक माता प्रसाद पांडे की नजर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर पड़ी। उन्होंने देखा कि मुख्यमंत्री उनकी बात सुनते हुए मुस्कुरा रहे हैं। इस पर उन्होंने तुरंत चुटीले अंदाज में कहा, “आप तो इधर मुस्कुरा रहे हैं।”
इस पर मुख्यमंत्री ने भी मुस्कुराते हुए हाथ से सामने की ओर इशारा किया। जवाब में नेता प्रतिपक्ष ने कहा, “होना चाहिए, हां मुख्यमंत्री प्रसन्न होना भी चाहिए… झंझावात बहुत है।”
यह भी पढ़ें…
कानूनी प्रक्रिया के बाद मानवीय पहल… राहुल गांधी ने दिवंगत मोची के परिवार से की मुलाकात
सदन में गूंजे ठहाके
दोनों नेताओं के बीच हुए इस संवाद पर सदन में मौजूद सदस्यों के बीच हंसी और ठहाके गूंज उठे। गंभीर राजनीतिक बहस के बीच इस तरह के हल्के पल ने माहौल को सहज बना दिया। कई विधायकों ने भी मुस्कुराते हुए तालियां बजाईं।
यह भी पढ़ें…
UP में पत्नी का खौफनाक प्लान… प्रेमी संग मिलकर पति को उतारा मौत के घाट
लोकतांत्रिक परंपरा की झलक
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि लोकतंत्र में जहां तीखी बहस और मतभेद होते हैं, वहीं इस तरह के हल्के क्षण भी राजनीतिक संस्कृति का हिस्सा होते हैं। इससे सदन की कार्यवाही में सौहार्द और स्वस्थ संवाद की परंपरा मजबूत होती है।
इस घटना को सोशल मीडिया पर भी साझा किया जा रहा है, जहां लोग इसे लोकतांत्रिक मर्यादा और आपसी सम्मान का उदाहरण बता रहे हैं।
यह भी पढ़ें…





