LPG सिलेंडर की कालाबाजारी पर सख्त कानून… ब्लैक में बेचने पर हो सकती है जेल

LPG Cylinder Crisis: मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और युद्ध के बीच भारत में LPG गैस की मांग तेजी से बढ़ती नजर आ रही है। लोगों के मन में सप्लाई को लेकर पैदा हुए डर के कारण कई जगहों पर गैस सिलेंडर की खरीद बढ़ गई है। इसी बढ़ती मांग का फायदा उठाकर कुछ लोग गैस सिलेंडर को छिपाकर अधिक कीमत पर बेचने की कोशिश कर रहे हैं। इसे कालाबाजारी कहा जाता है और सरकार इसे गंभीर अपराध मानती है।

जानकारों के मुताबिक यदि कोई व्यक्ति घरेलू गैस सिलेंडर को तय कीमत से ज्यादा दाम पर बेचता है या उसकी अवैध तरीके से जमाखोरी करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। इस तरह की गतिविधियां आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत अपराध की श्रेणी में आती हैं।

क्या कहता है कानून?
आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत अगर कोई व्यक्ति गैस सिलेंडर की कालाबाजारी करते हुए पकड़ा जाता है, तो उस पर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है। साथ ही दोषी पाए जाने पर उसे जेल की सजा भी हो सकती है। कई मामलों में यह सजा 7 साल तक हो सकती है, जबकि संबंधित व्यक्ति का लाइसेंस भी रद्द किया जा सकता है।

इसके अलावा गैस एजेंसियों और वितरकों को भी सरकार की ओर से साफ निर्देश दिए गए हैं कि वे निर्धारित मूल्य पर ही सिलेंडर की बिक्री करें। नियमों का उल्लंघन करने पर उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जा सकती है।

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बढ़ती मांग के कारण बढ़ी निगरानी
मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊर्जा आपूर्ति को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। इसका असर भारत जैसे आयात पर निर्भर देशों में भी देखने को मिल रहा है। ऐसे में कई स्थानों पर गैस सिलेंडर की मांग बढ़ने लगी है।

सरकार और संबंधित विभागों ने साफ किया है कि गैस की सप्लाई सामान्य है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। साथ ही प्रशासन ने कालाबाजारी पर रोक लगाने के लिए निगरानी भी बढ़ा दी है।

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उपभोक्ताओं के लिए सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि उपभोक्ताओं को हमेशा अधिकृत गैस एजेंसी से ही सिलेंडर खरीदना चाहिए और तय कीमत से ज्यादा भुगतान नहीं करना चाहिए। अगर कहीं भी गैस सिलेंडर की कालाबाजारी की जानकारी मिलती है, तो इसकी शिकायत संबंधित विभाग या प्रशासन से की जा सकती है।

सरकार का कहना है कि आवश्यक वस्तुओं की कालाबाजारी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

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