
क्या है Sleep Divorce? कपल्स के बीच हिट हो रहा ये ट्रेंड
इन दिनों स्लीप डिवोर्स बेहद ट्रेंड में हैं। स्ट्रेस, एंजाइटी और डिप्रेशन की समस्याओं से बचाने में भी स्लीप डिवोर्स कारगर हो सकता है। कुछ कपल्स को ये ट्रेंड बेहद पसंद आ रहा है तो बहुत से लोग रिश्ते पर पड़ने वाले बुरे असर को लेकर चिंता में हैं।
दुनियाभर में कपल्स के बीच स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है। डिवोर्स का नाम सुनते ही लगता है कि कपल्स का कानूनी तौर पर अलग हो जाना, लेकिन स्लीप डिवोर्स की थ्योरी अलग है। यह किसी तरह का तलाक नहीं होता है, बल्कि एक प्रैक्टिस है, जो कपल्स के रिश्ते को बेहतर बनाने के साथ हेल्थ के लिए फायदेमंद साबित हो रही है। अगर आप भी स्लीप डिवोर्स को लेकर कंफ्यूज हैं, तो आपको इस बारे में कुछ जरूरी फैक्ट जान लेने चाहिए।
क्या है स्लीप डिवोर्स?
Sleep Divorce में पार्टनर ब्रेकअप या तलाक के प्रोसेस में नहीं जाते बल्कि एक ही घर में रहते हुए अलग-अलग सोना शुरू कर देते हैं। और ऐसा इसलिए किया जाता है ताकि एक-दूसरे को डिस्टर्ब किए बिना लोग रातों को चैन की नींद सो सकें। यानी ‘स्लीप डिवोर्स’ के दौरान कपल्स इमोशनल लेवल पर अलग नहीं होते, बल्कि अपनी नींद पूरी करने के लिए एक दूसरे से अलग सोते हैं।
स्लीप डिवोर्स के फायदे
- स्लीप डिवोर्स के ट्रेंड को कुछ लोगों को भले ही अच्छा नहीं लगे, लेकिन यह बता सच है कि अलग-अलग सोने पर नींद अच्छी तरह से पूरी होती है जो आपकी ओवर ऑल हेल्थ के लिए बेहद ज़रूरी है।
- कपल्स का फिजिकली और इमोशनली बांड बेहतर होना चाहिए। लेकिन एक बेहतर रिलेशनशिप के लिए पर्सनल स्पेस भी होना जरूरी है। ऐसे में अकेले सोने पर कई बार लोग अच्छा महसूस करते हैं।
- कई बार पार्टनर खर्राटे लेते हैं जिस वजह से नींद पूरी नहीं हो आती है। ऐसे में अकेले सोने पर बेहतर और अच्छी नींद मिलती है।
स्लीप डिवोर्स के कारण कपल्स के बीच गलतफ़हमी और दूरियां आ सकती हैं। अगर उन्हें एक दूसरे पर भरोसा नहीं है तो ये ट्रेंड उनके लिए मुसीबत बन सकता है। ऐसे में Sleep Divorce के कारण कपल्स के रिश्ते में दूरी पैदा हो सकती है।





