
Stock Market Crash: बजट से पहले भरभराकर गिरा बाजार, सेंसेक्स-निफ्टी दोनों धड़ाम
Stock Market Crash: शेयर बाजार में आज भारी गिरावट आई है. सेंसेक्स करीब 600 अंक गिरकर करोबार कर रहा है, जबकि निफ्टी 25200 के नीचे पहुंच गई है. निफ्टी बैंक में भी दबाव दिखाई दे रहा है.
Stock Market Crash: भारतीय बाजार गुरुवार को सपाट खुला। हालांकि उठापटक के बाद बाजार लाल निशान पर आ गया। शुरुआती कारोबार में 30 शेयरों वाला सेंसेक्स 248.48 अंक या 0.30 प्रतिशत गिरकर 82,096.20 अंक पर आ गया। वहीं 50 शेयरों वाला निफ्टी 63.50 अंक या 0.25 प्रतिशत गिरकर 25,279.25 अंक पर आ गया। वहीं पिछले दिन बुधवार को 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 487.20 अंक उछलकर 82,344.68 अंक पर बंद हुआ था, जबकि 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 167.35 अंक की बढ़त के साथ 25,342.75 पर बंद हुआ था।
बाजार की इस सुस्ती के पीछे दो बड़े कारण हैं.पहला, आज संसद में पेश होने वाला ‘इकोनॉमिक सर्वे 2026’ और दूसरा, अमेरिकी सेंट्रल बैंक (US Fed) द्वारा ब्याज दरों में कोई बदलाव न करने का फैसला.
बाजार में गिरावट की बड़ी वजह
आज बाजार खुलने के साथ ही बिकवाली का दबाव देखा जा रहा है. सेंसेक्स 82,010 के करीब कारोबार कर रहा है, जबकि निफ्टी 50 भी लाल निशान में 25,276 के पास बना हुआ है.
दरअसल, पूरी दुनिया के बाजारों से मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं. अमेरिका में फेडरल रिजर्व ने ब्याज दरों को 3.5% से 3.75% पर ही रोक कर रखा है. इससे निवेशकों को जो उम्मीद थी कि शायद दरों में कटौती से बाजार में तेजी आएगी, वह थोड़ी ठंडी पड़ गई है. इसके अलावा, आज पेश होने वाला इकोनॉमिक सर्वे भी निवेशकों को थोड़ा सतर्क कर रहा है.
इकोनॉमिक सर्वे और बजट पर टिकी निगाहें
आज यानी 29 जनवरी को संसद में इकोनॉमिक सर्वे 2025-26 पेश होगा. यह रिपोर्ट बताएगी कि देश की अर्थव्यवस्था की सेहत कैसी है. मुख्य आर्थिक सलाहकार (CEA) वी. अनंत नागेश्वरन इसे पेश करने वाले हैं. बाजार के लिए यह सर्वे इसलिए जरूरी है क्योंकि इसी से आने वाले रविवार, यानी 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट की तस्वीर साफ होगी. निवेशक यह जानने को बेताब हैं कि सरकार आने वाले साल के लिए क्या रोडमैप तैयार कर रही है.
कल की तेजी के बाद आज सुस्ती
कल यानी बुधवार को बाजार में अच्छी खासी रौनक थी. कल निफ्टी 25,300 के ऊपर बंद हुआ था और सेंसेक्स में भी 487 अंकों की बढ़त देखी गई थी. लेकिन कल की वह तेजी आज बरकरार नहीं रह सकी.
एक्सपर्ट्स का मानना है कि बजट से पहले बाजार में इस तरह के उतार-चढ़ाव आम बात हैं. जब तक इकोनॉमिक सर्वे की पूरी रिपोर्ट सामने नहीं आती, तब तक बाजार में इसी तरह की ‘वेट एंड वॉच’की स्थिति बनी रह सकती है.





