
Bitcoin और XRP का बुरा हाल; क्रिप्टो मार्केट में मचा हाहाकार…
Crypto Market update: क्रिप्टो मार्केट में हाहाकार मच गया है, क्योंकि बिटकॉइन (Bitcoin) सात महीने के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है. मंगलवार को यह $90,000 के नीचे फिसला, जिससे निवेशकों में चिंता फैल गई है.
दुनिया का सबसे बड़ा क्रिप्टोकरेंसी टोकन बिटकॉइन (Bitcoin) इस समय जबरदस्त दबाव में है. मंगलवार, 18 नवंबर को बिटकॉइन सात महीनों में पहली बार $90,000 के नीचे फिसल गया. हाल के दिनों में आई इस भारी गिरावट ने क्रिप्टो मार्केट में एक बार फिर पुराने सवालों को जगा दिया है कि क्या यह सिर्फ एक छोटा सा करेक्शन है या चार साल के एक नए डाउनसाइकिल की शुरुआत?
अक्टूबर में अपने रिकॉर्ड हाई $126,000+ को छूने के बाद लगातार होते नुकसान ने बिटकॉइन को लगभग 30% नीचे ला दिया है. एशियाई बाजारों में मंगलवार की दोपहर ट्रेडिंग के दौरान बिटकॉइन करीब 2% गिरकर $89,953 पर आ पहुंचा, जिससे चिंता और गहरी हो गई.
बिटकॉइन टूटा?
ऐसे में अब असली सवाल यह है कि क्या यह शुरुआत है एक नए क्रिप्टो विंटर की, या मार्केट गिरावट के बाद फिर से मजबूत उछाल पकड़ने वाला है.विशषज्ञों का मानना है कि इस गिरावट के पीछे सबसे बड़ा कारण मार्केट में फैला डर है. बिटकॉइन पिछले कई हफ्तों से लगातार नीचे जा रहा है, लेकिन $90,250 के लेवल से नीचे फिसलना, जो आखिरी बार अप्रैल में देखा गया था, निवेशकों के भरोसे पर बुरा असर डाल रहा है.
इस अचानक आई तेज गिरावट के कारण पूरे क्रिप्टो इकोसिस्टम में पैनिक सेलिंग शुरू हो गई, और कई छोटे निवेशकों ने नुकसान से बचने के लिए तेजी से अपनी होल्डिंग्स बेच दीं. इसके अलावा, अमेरिका में ब्याज दरों को लेकर बढ़ती अनिश्चितता, लंबी रैली के बाद थक चुका मार्केट, ग्लोबल इकोनॉमिक दबाव और बड़े निवेशकों की बिकवाली, इन सबने मिलकर बिटकॉइन की कीमत को नीचे धकेल दिया है.
क्या यह क्रिप्टो का शॉर्ट-टर्म करेक्शन ?
क्रिप्टो मार्केट अपने उतार-चढ़ाव के लिए जाना जाता है, लेकिन इस बार गिरावट इतनी तेज है कि कई अनुभवी निवेशक भी उलझ गए हैं. कुछ ट्रेडर्स का मानना है कि यह केवल एक शॉर्ट-टर्म करेक्शन है, जबकि कई विशेषज्ञों की राय इससे बिल्कुल अलग है. उनका कहना है कि मार्केट का सेंटिमेंट कमजोर हो चुका है और यह गिरावट एक बड़े साइकल की शुरुआत हो सकती है, जैसा पहले भी कई बार देखा गया है.
XRP भी भारी दबाव में
इसी तरह XRP ने भी तेज गिरावट झेली और $2.30 के मजबूत रेजिस्टेंस लेवल से फिसलकर नीचे आ गया. रेजिस्टेंस से बार-बार टकराने और बढ़ती प्रॉफिट-बुकिंग के कारण XRP की डिमांड कमजोर पड़ी है, जबकि संस्थागत ट्रेडिंग वॉल्यूम में उछाल दिखाता है कि यह लेवल फिलहाल तोड़ना मुश्किल है.
ETH का भी बुरा हाल
बता दें कि गिरावट सिर्फ बिटकॉइन तक सीमित नहीं रही. दूसरी सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी ईथर (ETH) भी लगातार कमजोर हो रही है. अगस्त के अपने हाई से ETH लगभग 40% नीचे आ चुका है और मंगलवार को यह 1% गिरकर $2,997 पर ट्रेड हुआ.





