
गुरुग्राम में झुग्गी-झोपड़ियों तक पहुंचेगी “सेहत की गाड़ी”, चौथी मोबाइल मेडिकल यूनिट रवाना
सीएमओ ने दिखाई हरी झंडी, घर के पास मिलेगी जांच और परामर्श सुविधा
Haryana News: शहर के शहरी झुग्गी-झोपड़ियों और मोहल्लों में अब लोगों को बुनियादी स्वास्थ्य सेवाओं के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। “सेहत की गाड़ी” के नाम से शुरू की गई चौथी मोबाइल मेडिकल यूनिट को गुरुवार को सीएमओ कार्यालय से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
इस पहल की शुरुआत मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) व सिविल सर्जन डॉ. लोकवीर सिंह ने की। इस दौरान उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनुज गर्ग भी मौजूद रहे। यह कार्यक्रम स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में Population Services International India (पीएसआई इंडिया) और Niva Bupa Health Insurance के सहयोग से शुरू किया गया है।
पहले ही सोहना, पटौदी और फरुखनगर ब्लॉक में यह सेवा शुरू की जा चुकी है, जबकि अब गुरुग्राम ब्लॉक के चयनित मोहल्लों को इसमें शामिल किया गया है।

तय रूट चार्ट के अनुसार पहुंचेगी टीम
सीएमओ डॉ. लोकवीर सिंह ने बताया कि मोबाइल मेडिकल यूनिट तय रूट चार्ट के अनुसार विभिन्न इलाकों में पहुंचेगी। यहां आम बीमारियों की जांच, आवश्यक परामर्श और जरूरत पड़ने पर मरीजों को रेफर भी किया जाएगा।
इस यूनिट में अनुभवी डॉक्टर, आधुनिक उपकरण और प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ मौजूद रहेगा। कार्यक्रम के तहत ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, थायरॉइड, डेंगू, मलेरिया सहित अन्य सामान्य बीमारियों की जांच की जाएगी। साथ ही मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
समुदाय स्तर पर आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट (आभा आईडी) बनाने में भी सहायता दी जाएगी।
जागरूकता और नियमित हेल्थ कैंप पर फोकस
उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनुज गर्ग ने कहा कि यह पहल दूर-दराज और पिछड़े इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगी। मोबाइल यूनिट नियमित हेल्थ कैंप लगाएगी और मासिक धर्म स्वच्छता प्रबंधन जैसे विषयों पर जागरूकता भी बढ़ाएगी।
नीवा बूपा हेल्थ इंश्योरेंस के चीफ ह्यूमन रिसोर्स ऑफिसर एवं चीफ सस्टेनेबिलिटी ऑफिसर तरुण कत्याल ने बताया कि इस प्रोजेक्ट के तहत ओपीडी सेवाएं, परामर्श, आरएमएनसीएच (प्रजनन, मातृ, नवजात एवं किशोर स्वास्थ्य), किशोर काउंसलिंग, स्वच्छता, पोषण और गैर-संचारी रोगों से जुड़ी जनजागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी।
इस अवसर पर पीएसआई इंडिया के डायरेक्टर-प्रोग्राम इम्प्लीमेंटेशन हितेश साहनी सहित अन्य अधिकारी और टीम सदस्य भी मौजूद रहे।
यह पहल गुरुग्राम में सामुदायिक स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।





