
Delhi NCR में स्मॉग से हाहाकार… AQI 500 के पार, कर्मचारियों को वर्क-फ्रॉम-होम का निर्देश
Delhi Pollution: दिल्ली-NCR में वायु प्रदूषण ने नए रिकॉर्ड बनाते हुए शनिवार को हालात बेहद खतरनाक स्तर पर पहुंचा दिए। कई इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 500 के पार पहुंच गया, जिससे हवा ‘गंभीर प्लस’ श्रेणी में दर्ज की गई। सुबह उठते ही लोगों ने घनी धुंध और स्मॉग की मोटी चादर महसूस की, जिससे सांस लेने में कठिनाई, आंखों में जलन और विजिबिलिटी की समस्या बढ़ गई।
AQI ने पार किए सभी खतरे के स्तर
एयर क्वालिटी ट्रैकर के अनुसार सुबह 7 बजे दिल्ली का औसत AQI 447 रिकॉर्ड किया गया। वहीं कई मॉनिटरिंग स्टेशनों पर यह स्तर 500 से ऊपर दर्ज हुआ। हवा में मौजूद महीन प्रदूषक PM 2.5 का स्तर बढ़कर 312 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर और PM 10 का स्तर 422 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर पहुंच गया। ये WHO की सुरक्षित सीमा से करीब 20 गुना ज्यादा हैं।
विजिबिलिटी बेहद कम, रोजमर्रा के काम प्रभावित
दिल्ली के अर्ली वार्निंग सिस्टम के मुताबिक सुबह विजिबिलिटी सिर्फ 800–900 मीटर के बीच रही। इससे ट्रैफिक, उड़ानों और बाहरी गतिविधियों में दिक्कत आने लगी है। नोएडा, गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुरुग्राम में भी लोग सुबह स्मॉग की मोटी परत की शिकायत कर रहे हैं।
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GRAP-3 लागू, सरकार ऐक्शन में
दिल्ली पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि GRAP-3 लागू है, जिसके तहत कई सख्त कदम उठाए गए हैं।
मुख्य निर्देश:
- 50% कर्मचारियों को वर्क-फ्रॉम-होम का निर्देश
- दिल्ली के सभी बॉर्डरों पर वाहनों की कड़ी जांच
- प्रदूषण वाले क्षेत्रों में लगातार पानी का छिड़काव
- भारी वाहनों और निर्माण कार्यों पर सख्त निगरानी
लोगों की सेहत पर बढ़ रहा खतरा
प्रदूषण की वजह से लोगों में सांस से जुड़ी समस्याएं, अस्थमा, खांसी, गले में जलन और आंखों में खुजली की शिकायतें तेजी से बढ़ रही हैं। डॉक्टरों ने बुजुर्गों, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है।
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कब मिलेगी राहत?
मौसम विभाग का अनुमान है कि हवाओं की गति बढ़ने पर हालात में थोड़ी सुधार हो सकता है, लेकिन अगले कुछ दिनों तक बड़ी राहत की संभावना कम है।
दिल्ली-NCR की हवा अभी भी बेहद खतरनाक है और विशेषज्ञों का कहना है कि अगर तात्कालिक व दीर्घकालिक कदम नहीं उठे, तो स्थिति और भी खराब हो सकती है।
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