
मदरसे में लगा था ‘Made in Pakistan’ पंखा? पुलिस खंगाल रही रिकॉर्ड…
Kushinagar News: कुशीनगर के एक मदरसे में लगे छत के पंखे पर “Made in Pakistan” लिखा मिलने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। यह मामला उस समय सामने आया जब मदरसे में खराब पड़े पंखे को ठीक करने के लिए बुलाए गए एक इलेक्ट्रिशियन की नजर उस पर लिखी मार्किंग पर पड़ी। देखते ही देखते यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और मामला पुलिस व खुफिया एजेंसियों तक पहुंच गया।
अब प्रशासन यह जांच कर रहा है कि पाकिस्तान में निर्मित बताया जा रहा यह पंखा उत्तर प्रदेश के एक मदरसे तक कैसे पहुंचा। फिलहाल पुलिस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच में जुटी है।
मरम्मत के दौरान सामने आया मामला
जानकारी के अनुसार, मदरसे के एक कमरे में लगा छत का पंखा पिछले कुछ दिनों से खराब चल रहा था। पंखे की आवाज बढ़ने और उसकी स्पीड कम होने के कारण प्रबंधन ने स्थानीय इलेक्ट्रिशियन को बुलाया।
जब इलेक्ट्रिशियन पंखे को खोलकर उसकी जांच कर रहा था, तभी उसकी नजर पंखे के मोटर हिस्से पर लिखे “Made in Pakistan” शब्दों पर गई। पहले तो उसे यकीन नहीं हुआ, लेकिन दोबारा देखने पर वह चौंक गया। उसने इसकी जानकारी आसपास मौजूद लोगों को दी।
कुछ ही देर में यह बात पूरे इलाके में फैल गई और मदरसे के बाहर लोगों की भीड़ जुटने लगी। स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज होने के बाद पुलिस को सूचना दी गई।
मौके पर पहुंची पुलिस और शुरू हुई जांच
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और पंखे की जांच की। पुलिस ने पंखे को कब्जे में लेकर उसके निर्माण, कंपनी और सप्लाई से जुड़ी जानकारी जुटानी शुरू कर दी है।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि पंखा हाल ही में खरीदा गया था या कई सालों से मदरसे में लगा हुआ था। यह भी जांच की जा रही है कि पंखा सीधे किसी सप्लायर के जरिए आया या पुराने सेकेंड हैंड सामान के रूप में यहां पहुंचा।
सूत्रों के मुताबिक, खुफिया एजेंसियों को भी मामले की सूचना दे दी गई है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं यह किसी अवैध सप्लाई चैन या संदिग्ध नेटवर्क से जुड़ा मामला तो नहीं है।
पुराना सामान होने की भी संभावना
प्रारंभिक जांच में अधिकारियों का मानना है कि यह जरूरी नहीं कि मामला किसी सुरक्षा खतरे से जुड़ा हो। संभावना जताई जा रही है कि पंखा कई दशक पुराना हो सकता है, क्योंकि भारत और पाकिस्तान के बीच विभाजन के बाद शुरुआती वर्षों में कुछ औद्योगिक सामान सीमित व्यापार या निजी माध्यमों से यहां पहुंचे थे।
इसके अलावा यह भी संभव है कि पंखा कबाड़ बाजार, पुराने इलेक्ट्रॉनिक सामान या किसी सेकेंड हैंड डीलर के जरिए मदरसे तक पहुंचा हो। हालांकि पुलिस अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से बच रही है।
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सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ मामला
घटना की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर “Made in Pakistan” पंखे की तस्वीरें और वीडियो तेजी से वायरल होने लगे। कई लोगों ने इसे सुरक्षा से जोड़कर सवाल उठाए, जबकि कुछ लोगों ने इसे सिर्फ पुराने आयातित सामान का मामला बताया।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहें न फैलाएं और बिना पुष्टि के किसी तरह के दावे न करें। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक स्थिति साफ हो पाएगी।
मदरसा प्रबंधन ने क्या कहा?
मदरसा प्रबंधन का कहना है कि उन्हें इस बात की कोई जानकारी नहीं थी कि पंखा पाकिस्तान निर्मित है। उनका दावा है कि पंखा काफी पुराना है और वर्षों से इस्तेमाल में था। प्रबंधन ने कहा कि वे जांच एजेंसियों को पूरा सहयोग दे रहे हैं।
मदरसे से जुड़े लोगों का कहना है कि इस मामले को अनावश्यक रूप से सनसनीखेज बनाने के बजाय तथ्यों के आधार पर जांच होनी चाहिए।
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जांच के बाद ही साफ होगी तस्वीर
फिलहाल पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि:
- पंखा कब और कहां से खरीदा गया
- उसका निर्माता कौन है
- वह किस सप्लाई चैन के जरिए यहां पहुंचा
- क्या यह केवल पुराना आयातित सामान है या मामला कुछ और है
अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविकता सामने आएगी। तब तक प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है।
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