सावधान! पानी पूरी से बढ़ रहा कैंसर का खतरा, सामने आया चौकाने वाला खुलासा

Artificial Colors in Food: स्ट्रीट फूड किसे पसंद नहीं होता है? वो भी जब बात हो पानी पूरी यानि गोलगप्पे की, देश भर में स्ट्रीट फूड में सबसे ज्यादा पसंद किया जाने वाला ये व्यंजन किसे नहीं पसंद. इसका चटपटा स्वाद हर किसी को लुभा लेता है. लेकिन क्या आप जानते हैं इसे खाने से कैंसर हो सकता है. हाल ही में इन फूड आइटम्स को लेकर जो खुलासे हुए हैं उनसे आपके होश उड़ जाएंगे. ये चीजें आपको कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी दे सकती हैं. कर्नाटक में पानी पुरी के सैंपल में कैंसर पैदा करने वाले पदार्थ के अंश मिले हैं.

भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) की रिपोर्ट के अनुसार कर्नाटक में पानी पुरी के सैंपल में कैंसरकारी तत्व मिले हैं. यह कर्नाटक में खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा की गई कार्रवाई के दौरान पाया गया. “कैंसर पैदा करने वाली पानी पूरी” इस तरह का एकमात्र उदाहरण नहीं है. ऐसे कई उदाहरण पाए गए हैं जहां खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को स्ट्रीट फ़ूड आइटम जैसे कि पानी पूरी, शावरमा, कबाब, कॉटन कैंडी, मंचूरियन और कई चीजों में खतरनाक केमिकल मिले हैं.

अत्यधिक सेवन से होगा कैंसर
जांच के बाद पता चला कि कुल नमूनों में से 40 खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरे. उनमें कैंसर पैदा करने वाले केमिकल जैसे ब्रिलियंट ब्लू, टार्ट्राज़ीन और सनसेट येलो की मौजूदगी की का पता चला है. खाद्य पदार्थों में पाए जाने वाले इन केमिकल के रोजाना सेवन से बॉडी पार्ट को काफी नुकसान पहुंच सकता है.

कई फूड पर लग चुका है बैन
पिछले महीने की शुरुआत में राव ने कहा था, “चूंकि कॉटन कैंडी, गोभी और कबाब के निर्माण में कृत्रिम रंगों के इस्तेमाल पर बैन लगा दिया गया है, इसलिए राज्य में बेचे जा रहे पानी पूरी के नमूने एकत्र कर जांच के लिए भेज दिए गए हैं. पानी पूरी के कई नमूने खाद्य सुरक्षा परीक्षणों में भी विफल रहे और उनमें कैंसर के कारक पाए गए.”

स्वच्छता और सफाई को महत्व
उन्होंने कहा, “इस पर और अधिक जांच किया जा रहा है और रिपोर्ट आने के बाद स्वास्थ्य विभाग उचित कार्रवाई करेगा. इसके साथ ही, जनता को अपने स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना चाहिए और ऐसे खाद्य पदार्थों का सेवन करने से बचना चाहिए जो हमारे स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं. स्वच्छता और सफाई को बहुत महत्व दिया जाना चाहिए.”

आर्टिफिशियल कलर के इस्तेमाल पर रोक
कर्नाटक में स्ट्रीट फूड में कृत्रिम रंगों के इस्तेमाल की खबर फिर से सुर्खियों में आई, जब कर्नाटक के स्वास्थ्य विभाग ने शाकाहारी, मछली और चिकन सहित कबाब बनाने में आर्टिफिशियल कलर के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया. यह कदम राज्य भर में बेचे जाने वाले कबाबों के 39 नमूनों को कर्नाटक की प्रयोगशालाओं में एकत्र करने, जांचने और विश्लेषण करने के बाद उठाया गया और नतीजा यह निकला कि सनसेट येलो और कार्मोसिन कृत्रिम रंग स्वास्थ्य के लिए असुरक्षित और खतरनाक हैं

कार्रवाई के आदेश
कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री दिनेश गुंडू राव ने आश्वासन दिया है कि विभाग उचित कार्रवाई करेगा. सार्वजनिक स्वास्थ्य सुनिश्चित करने के लिए एक कदम आगे बढ़ाते हुए, दिनेश गुंडू राव भोजन बनाने वालों के बीच स्वच्छता और सर्वोत्तम खाना पकाने के तरीकों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए एक बैठक आयोजित करेंगे.

यह भी पढ़ें…

बनारसी टमाटर चाट…नीता अंबानी भी हुई मुरीद, आप भी ट्राई करें रेसिपी

घर पर बचे चावल से बनाएं टेस्टी फ्राइड राइस, आएगा रेस्टोरेंट जैसा स्वाद

त्योहारों में खाएं Healthy Snacks, नहीं बढ़ेगा कोलेस्ट्रॉल

Back to top button