
राष्ट्र व समाज को जागरूक और सशक्त बनाने की जरूरत
कल्याणकारी विचारों को अपनाएं: प्रधानमंत्री
जीवन को लोकहित में समर्पित करें:PM
सत्य, शुभ, ज्ञानवर्धक वचन सुनिए:MODI
दिल्ली। भारत के प्रधानमंत्री एवं उत्तर प्रदेश से वाराणसी के सांसद नरेंद्र दामोदरदास मोदी ने ‘एक्स’ पर साझा किए सुभाषित के जरिए सत्य, शुभ और ज्ञानवर्धक वचन सुनने तथा कल्याणकारी विचारों को अपनाने का संदेश दिया। प्रधानमंत्री की ओर से सोशल मीडिया पर लिखा गया, ‘हम सत्य, शुभ और ज्ञानवर्धक वचन सुनें, कल्याणकारी विचारों को अपनाएं। स्वस्थ शरीर, उत्तम आचरण और श्रेष्ठ गुणों के साथ जीवन को लोकहित में समर्पित करें तथा सत्य, प्रामाणिक और जनहितकारी सूचनाओं का प्रसार कर राष्ट्र और समाज को जागरूक, सशक्त तथा समरस बनाएं। स्वस्थ शरीर, उत्तम आचरण और श्रेष्ठ गुणों के साथ जीवन को लोकहित में समर्पित करने तथा जनहितकारी सूचनाओं के प्रसार के जरिए समाज और राष्ट्र को जागरूक एवं सशक्त बनाने की बात कही है।
स्वस्थ शरीर, उत्तम आचरण और श्रेष्ठ गुणों हों
‘भद्रं कर्णेभिः शृणुयाम देवा भद्रं पश्येमाक्षभिर्यजत्राः॥
स्थिरैरङ्गैस्तुष्टुवांसस्तनूभिर्व्यशेम देवहितं यदायुः॥’
इससे पहले प्रधानमंत्री की ओर से 7 अगस्त को भी सुभाषित साझा किया गया था। तब पीएम ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर लिखा था, ‘किं चन्द्रमाः प्रत्युपकारलिप्सया करोति गोभिः कुमुदावबोधनम्। स्वभाव एवोन्नतचेतसां सतां परोपकारव्यसनं हि जीवितम्॥ ‘इस श्लोक का हिंदी अर्थ है, “चंद्रमा किसी प्रत्युपकार की इच्छा से अपनी किरणों द्वारा कुमुदिनी को प्रकाशित नहीं करता, अपितु यह उसका स्वाभाविक गुण है। उसी प्रकार महान और उदार हृदय वाले सज्जन बिना किसी स्वार्थ या अपेक्षा के दूसरों का हित करते रहते हैं, क्योंकि परोपकार उनके स्वभाव में होता है।





