
अयोध्या के बाद अब मथुरा में ‘चंदा चोरी’ पर बवाल, संत ने CM योगी को खून से लिखी चिट्ठी
Shri Krishna Janmabhoomi: अयोध्या राम मंदिर के बाद अब मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि में चंदा चोरी का गंभीर आरोप लगा है। संत दिनेश फलाहारी महाराज ने सीएम योगी को खून से चिट्ठी लिखकर CBI जांच की मांग की है।
Shri Krishna Janmabhoomi: अयोध्या के राम मंदिर में चंदे को लेकर शुरू हुआ विवाद अभी पूरी तरह शांत भी नहीं हुआ था कि अब भगवान श्रीकृष्ण की नगरी मथुरा से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि में चढ़ावे और चंदे की चोरी को लेकर गंभीर आरोप लगे हैं। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति आंदोलन से जुड़े और मामले के मुख्य याचिकाकर्ता संत पंडित दिनेश फलाहारी महाराज ने इस पूरे मामले को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपने खून से चिट्ठी लिखी है।
दिनेश फलाहारी महाराज ने पत्र के जरिए मंदिर प्रबंधन पर करोड़ों रुपये के हेरफेर का आरोप लगाते हुए इस पूरे मामले की CBI (केंद्रीय जांच ब्यूरो) से जांच कराने की मांग की है। संत के इस कदम के बाद ब्रज क्षेत्र समेत पूरे उत्तर प्रदेश के सियासी और धार्मिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।
गंभीर आरोप
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भेजे गए पत्र में दिनेश फलाहारी महाराज ने मंदिर की प्रबंध कमेटी (Management Committee) की कार्यप्रणाली पर बेहद तीखे और गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा:
“जब भी मंदिर की दानपेटियों और गुल्लकों को खोला जाता है, तब जानबूझकर वहां लगे CCTV कैमरे बंद कर दिए जाते हैं। इसके बाद श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए पैसे, सोने, चांदी और हीरों का आपस में बंदरबांट किया जाता है।”
संत ने प्रबंध कमेटी के सदस्यों की संपत्ति पर सवाल उठाते हुए आगे लिखा, “जो लोग कुछ समय पहले तक सिर्फ स्कूटर से चलते थे, आज वे करोड़ों रुपये की महंगी और लग्जरी गाड़ियों में घूम रहे हैं। आखिर इनके पास इतनी संपत्ति कहाँ से आई? इसकी निष्पक्ष जांच होनी जरूरी है।”
राम मंदिर विवाद के बाद अब मथुरा
गौरतलब है कि कुछ समय पहले अयोध्या के राम मंदिर ट्रस्ट और चंदे को लेकर विपक्षी दलों और कुछ स्थानीय स्तर पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला था। अब ठीक वैसा ही विवाद मथुरा में सामने आने से हिंदू समाज और भक्तों के बीच चिंता बढ़ गई है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि के विकास और वहां के गर्भगृह को लेकर कानूनी लड़ाई लड़ रहे दिनेश फलाहारी महाराज का यह ‘ब्लड लेटर’ (खून से लिखा खत) प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है।
फिलहाल, इस सनसनीखेज पत्र और चंदा चोरी के आरोपों पर श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान या प्रबंध कमेटी की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब देखना यह होगा कि मुख्यमंत्री कार्यालय इस ‘खून से लिखी चिट्ठी’ पर क्या संज्ञान लेता है और क्या वाकई मथुरा मंदिर के खातों और चढ़ावे की CBI जांच के आदेश दिए जाते हैं।





