
IIMACON 2026: आयरलैंड में भारतीय डॉक्टरों की दहाड़, चिकित्सा सेवाओं में बड़े बदलाव की तैयारी”
IIMACON 2026: आयरलैंड में IIMA (Indian Irish Medical Association) का पहला सम्मेलन आयोजित। भारतीय डॉक्टरों की पंजीकरण प्रक्रिया को सरल बनाने और आयरिश स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने पर हुई चर्चा।
विदेश में भारतीय चिकित्सा समुदाय के लिए एक ऐतिहासिक विकास के रूप में, ‘इंडियन आयरिश मेडिकल एसोसिएशन’ (IIMA) का पहला भव्य सम्मेलन (IIMACON 2026) काउंटी मीथ के एनफील्ड स्थित द जॉन्सटाउन एस्टेट में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इस सम्मेलन का उद्देश्य आयरलैंड में कार्यरत भारतीय डॉक्टरों के पेशेवर सहयोग को बढ़ाना और भविष्य में आयरिश स्वास्थ्य प्रणाली में सेवा देने के इच्छुक भारतीय मेडिकल ग्रेजुएट्स (IMGs) के लिए बाधाओं को दूर करना है।
IIMA का पहला सम्मेलन, एक नया अध्याय
IIMA के अध्यक्ष मिस्टर तेज एन. तिवारी (कंसल्टेंट सर्जन) के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में आयरलैंड भर से सैकड़ों चिकित्सा विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया। सम्मेलन के दौरान भारत और आयरलैंड के बीच स्वास्थ्य संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई गई। वर्तमान में, आयरलैंड के विभिन्न अस्पतालों में 300 से अधिक अनुभवी भारतीय डॉक्टर सेवाएं दे रहे हैं, जिनकी विशेषज्ञता और समर्पण की सराहना पूरे देश में की जा रही है।
प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने की मांग
सम्मेलन को संबोधित करते हुए IIMA के अध्यक्ष मिस्टर तेज एन. तिवारी ने कहा:
“भारतीय डॉक्टर अपने उच्च कौशल के लिए विश्व स्तर पर सम्मानित हैं। हालांकि, इंटर्नशिप मान्यता और पंजीकरण से जुड़ी कुछ जटिल प्रशासनिक प्रक्रियाएं अभी भी एक चुनौती हैं। हमारा संगठन आयरिश अधिकारियों के साथ मिलकर इन नियमों को अधिक न्यायसंगत और सरल बनाने की दिशा में काम कर रहा है।”
प्रमुख संस्थाओं का मिला समर्थन
इस पहल को आयरिश मेडिकल ऑर्गनाइजेशन (IMO) का भी भरपूर समर्थन मिला। IMO के नवनियुक्त अध्यक्ष प्रोफेसर मैथ्यू सैडलियर ने भारतीय डॉक्टरों की क्षमता की प्रशंसा करते हुए कहा कि वे दुनिया के किसी भी देश के डॉक्टरों के समान ही उत्कृष्ट हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि पंजीकरण संबंधी तकनीकी समस्याओं का समाधान दोनों देशों के लिए लाभकारी होगा।
वहीं, आयरलैंड मेडिकल काउंसिल ने भी पुष्टि की है कि इस विषय पर एक औपचारिक समीक्षा प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। काउंसिल की उपाध्यक्ष डॉ. मैरी डेवोरेन ने कहा कि वे चिकित्सा प्रशिक्षण के उच्चतम मानकों और मरीजों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुधारों के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह समीक्षा अगले छह महीनों में पूरी होने की उम्मीद है।
सरकारी सराहना और भविष्य की राह
सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में मंत्री जैक चैंबर्स (Jack Chambers) और आयरलैंड में भारत के राजदूत मनीष गुप्ता उपस्थित रहे। मंत्री जैक चैंबर्स ने आयरलैंड की स्वास्थ्य प्रणाली में भारतीय समुदाय के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि आयरलैंड में रहने वाले लगभग 1 लाख भारतीय मूल के लोग देश की उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
यह सम्मेलन न केवल भारतीय डॉक्टरों की उपलब्धियों का उत्सव था, बल्कि इसने भविष्य की पीढ़ियों के लिए आयरलैंड में चिकित्सा करियर के नए द्वार खोलने की दिशा में एक निर्णायक कदम भी बढ़ाया है।





