
मिडिल ईस्ट में महायुद्ध की आशंका! अमेरिका-इजराइल की तैयारी, ईरान ने भी भरी हुंकार…
Iran US Israel War Update: मध्य पूर्व में एक बार फिर तनाव चरम पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिका और इजराइल इस सप्ताह ईरान के ऊर्जा ढांचे पर बड़े सैन्य हमले की तैयारी कर रहे हैं। यदि यह हमला होता है, तो इसके निशाने पर ईरान के बिजली उत्पादन केंद्र, तेल रिफाइनरियां और अन्य महत्वपूर्ण ऊर्जा प्रतिष्ठान हो सकते हैं। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सख्त बयान ने हालात को और अधिक गंभीर बना दिया है।
ऊर्जा ढांचे को बनाया जा सकता है निशाना
अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिका और इजराइल की संयुक्त रणनीति के तहत ईरान की ऊर्जा व्यवस्था को कमजोर करने की योजना पर काम किया जा रहा है। माना जा रहा है कि यदि हमला हुआ तो उसका मुख्य उद्देश्य ईरान की आर्थिक और सैन्य क्षमता को प्रभावित करना होगा।
तेल रिफाइनरियों और बिजली संयंत्रों पर हमले से ईरान की ऊर्जा आपूर्ति और औद्योगिक गतिविधियों पर बड़ा असर पड़ सकता है। यही वजह है कि इस संभावित सैन्य कार्रवाई को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
कैंप डेविड में हुई उच्चस्तरीय बैठक
रिपोर्ट के अनुसार, शुक्रवार को कैंप डेविड में हुई अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की कैबिनेट बैठक में ईरान की स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में सैन्य विकल्पों और संभावित कार्रवाई को लेकर रणनीतिक समीक्षा की गई।
बैठक के बाद ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ईरान के खिलाफ बेहद सख्त रुख अपनाने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, “हम ईरान पर बहुत जोरदार हमला करेंगे।”
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‘ईरान पर अब भरोसा नहीं’
ट्रम्प ने ईरान पर आरोप लगाते हुए कहा कि तेहरान लगातार बातचीत का दिखावा करता है, लेकिन अपने वादों का पालन नहीं करता। उन्होंने कहा कि अब उन्हें ईरान पर भरोसा नहीं रहा क्योंकि वह बार-बार समझौतों से पीछे हटता है और झूठे आश्वासन देता है।
ट्रम्प के इस बयान को अमेरिका की बदलती रणनीति और ईरान के प्रति कड़े रुख के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
ईरान ने दी जवाबी कार्रवाई की चेतावनी
दूसरी ओर, ईरान ने भी स्पष्ट कर दिया है कि यदि अमेरिका या इजराइल ने हमला किया तो उसका जवाब पूरी ताकत के साथ दिया जाएगा।
ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि देश की सेना और सुरक्षा एजेंसियां हर स्थिति के लिए तैयार हैं। उनके अनुसार, किसी भी सैन्य कार्रवाई की स्थिति में अमेरिका और इजराइल के महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों तथा रणनीतिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जाएगा।
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पूरे मध्य पूर्व पर पड़ सकता है असर
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अमेरिका और इजराइल ईरान पर हमला करते हैं तो इसका असर केवल इन तीन देशों तक सीमित नहीं रहेगा। इससे पूरे मध्य पूर्व में संघर्ष और अस्थिरता बढ़ सकती है। तेल उत्पादन और आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका के चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भी बड़ा उछाल आ सकता है।
दुनिया की बढ़ी चिंता
मौजूदा हालात को देखते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता बढ़ गई है। कई देशों की नजरें अब अमेरिका, इजराइल और ईरान के अगले कदम पर टिकी हैं। यदि कूटनीतिक प्रयास सफल नहीं हुए तो यह तनाव एक बड़े क्षेत्रीय संघर्ष का रूप ले सकता है, जिसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था, ऊर्जा बाजार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर भी पड़ सकता है।
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