ग्लेशियर बाढ़ की तबाही के बाद तिब्बत में भूकंप, 5.0 तीव्रता से हिले कई इलाके…

Tibet Earthquake: नेपाल में भीषण प्राकृतिक आपदा के एक हफ्ते बाद तिब्बत में भूकंप के झटके, GFZ के मुताबिक 10 किलोमीटर गहराई में था केंद्र; फिलहाल किसी के हताहत होने की खबर नहीं।

Tibet: तिब्बत में गुरुवार, 3 सितंबर को एक बार फिर भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। जर्मन रिसर्च सेंटर फॉर जियोसाइंसेज (GFZ) के मुताबिक, भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 5.0 मापी गई। भूकंप का केंद्र जमीन से करीब 10 किलोमीटर की गहराई में था। झटकों के बाद लोगों में दहशत का माहौल बन गया।

हालांकि, खबर लिखे जाने तक भूकंप से किसी के हताहत होने या बड़े नुकसान की जानकारी सामने नहीं आई है। स्थानीय स्तर पर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

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नेपाल की त्रासदी के एक हफ्ते बाद भूकंप
तिब्बत में आए इस भूकंप का समय इसलिए भी अहम है क्योंकि नेपाल में हाल ही में प्राकृतिक आपदा ने भारी तबाही मचाई थी। नेपाल में आई त्रासदी के करीब एक सप्ताह बाद तिब्बत में भूकंप के झटकों ने क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है।

GFZ के अनुसार, 5.0 तीव्रता वाले इस भूकंप का केंद्र सतह से लगभग 10 किलोमीटर नीचे था। इतनी कम गहराई पर भूकंप आने की वजह से आसपास के इलाकों में इसके झटके महसूस किए जा सकते हैं।

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ग्लेशियर टूटने से आई थी भीषण बाढ़
इससे पहले 26 अगस्त को नेपाल सीमा के पास तिब्बत में ग्लेशियर टूटने के बाद अचानक आई भीषण बाढ़ ने पहाड़ी इलाकों में भारी तबाही मचाई थी। बाढ़ की चपेट में कई कस्बे और घाटियां आई थीं।

इस आपदा का असर नेपाल में भी देखने को मिला, जहां बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान हुआ। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, एक हजार से अधिक लोगों की मौत हुई है, जबकि करीब 4 हजार लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं।

लगातार सामने आ रही प्राकृतिक आपदाओं के बीच तिब्बत में आए नए भूकंप ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है और प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है।

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