UP News: कुंडा विधायक राजा भैया को जान से मारने की धमकी, पुलिस ने दर्ज की FIR

Raja Bhaiya Death Threats: उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले की कुंडा विधानसभा सीट से विधायक और जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के राष्ट्रीय अध्यक्ष रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया (Raghuraj Pratap Singh Raja Bhaiya) को सोशल मीडिया के माध्यम से जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। विधायक के खिलाफ आपत्तिजनक और गाली-गलौज भरे संदेश प्रसारित किए जाने के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।

पार्टी कार्यकर्ताओं की शिकायत पर पुलिस ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए अज्ञात आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है और साइबर सेल की मदद से छानबीन शुरू कर दी है।

इंस्टा-फेसबुक से भेजे गए धमकी भरे संदेश

पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिछले करीब एक हफ्ते से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे इंस्टाग्राम और फेसबुक पर कुछ संदिग्ध यूजर आईडी के जरिए राजा भैया को लगातार निशाना बनाया जा रहा था। भदोही जिले के गोपीगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मामलों को लेकर पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ‘राज शूटर ऑफिशियल’, ‘एम राज शूटर’ और ‘एम शूटर’ जैसी तीन अलग-अलग सोशल मीडिया आईडी से विधायक के खिलाफ अभद्र टिप्पणियां पोस्ट की गईं और उन्हें जान से मारने की धमकी भरे संदेश भेजे गए।

जब इन आपत्तिजनक संदेशों और टिप्पणियों की जानकारी जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं तक पहुंची, तो उनमें रोष फैल गया। इसके बाद पार्टी की भदोही जिला इकाई के अध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह ने बुधवार शाम गोपीगंज थाने में पहुंचकर इस संबंध में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के साथ पुलिस को सोशल मीडिया पर प्रसारित धमकी भरे संदेशों और स्क्रीनशॉट की प्रतियां भी साक्ष्य के रूप में सौंपी गईं।

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साइबर सेल कर रही है जांच

गोपीगंज थाना प्रभारी निरीक्षक सच्चिदानंद पांडेय ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि दी गई लिखित शिकायत और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं तथा सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम के तहत अज्ञात आईडी धारकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है।

पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया अकाउंट्स को संचालित करने वाले आरोपियों की पहचान करने के लिए साइबर सेल की तकनीकी टीम की मदद ली जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि तकनीकी जांच के आधार पर जल्द ही इस मामले में संलिप्त आरोपियों को बेनकाब कर उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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