Ishan Kishan के बयान ने मचाई खलबली, बोले- ‘लोग मुझ पर विश्‍वास नहीं करते’

Ishan Kishan statement: भारतीय क्रिकेट टीम के विकेटकीपर-बल्लेबाज ईशान किशन (Ishan Kishan) को आमतौर पर वनडे और टी20 क्रिकेट में उनके आक्रामक अंदाज के लिए जाना जाता है। हालांकि, मौजूदा दलीप ट्रॉफी (Duleep Trophy) में ईस्ट जोन की कप्तानी कर रहे ईशान ने रेड बॉल क्रिकेट और टेस्ट फॉर्मेट को लेकर अपनी दिल की बात साझा की है।

ईशान ने स्वीकार किया कि लोग उन्हें मुख्य रूप से सीमित ओवरों का खिलाड़ी मानते हैं, लेकिन वास्तव में उन्हें टेस्ट और लाल गेंद की क्रिकेट खेलना बेहद पसंद है।

रेड बॉल क्रिकेट की चुनौती 

नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ ईस्ट जोन को एक पारी और 210 रनों की बड़ी जीत दिलाने के बाद ईशान किशन ने कहा कि जब वह रेड बॉल क्रिकेट के प्रति अपने लगाव की बात करते हैं तो लोग अक्सर उनकी बात पर भरोसा नहीं करते।

ईशान के मुताबिक, जब पिच पर गेंद स्विंग हो रही होती है, विरोधी टीम दबाव बना रही होती है और मैदान में छींटाकशी चलती है, तो उस चुनौती का सामना करने में उन्हें असली मजा आता है। उनका मानना है कि सपाट पिचों पर रन बनाना तो आसान होता है, लेकिन असली प्रतियोगिता और खिलाड़ी की परख सिर्फ रेड बॉल फॉर्मेट में ही होती है।

गलतियों से सीख और बहानों से दूरी

ईशान ने मैच में अपने शॉट चयन पर भी खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि पहली पारी में मात्र 4 रन बनाकर आउट होने के बाद उन्हें तुरंत अपनी गलती का अहसास हुआ कि फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में हर गेंद पर शॉट खेलने के बजाय गेंदों को छोड़ना कितना जरूरी होता है। ईशान ने कहा  कि एक फॉर्मेट से दूसरे फॉर्मेट में जल्दी ढलना आसान नहीं होता, लेकिन अगर किसी क्रिकेटर को लंबे समय तक बड़े स्तर पर टिके रहना है, तो वह बहानों की आड़ नहीं ले सकता।

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किशन ने भारत के लिए 32 वनडे और 55 T20I मैच खेले हैं। साथ ही उन्‍होंने 134 IPL मैच भी खेले हैं। उन्होंने अब तक दो टेस्ट मैच खेले हैं। ईशान ने आखिरी टेस्‍ट जुलाई 2023 में खेला था। टेस्ट क्रिकेट में कम मौके मिलने के बावजूद, रेड-बॉल फॉर्मेट के लिए उनका प्यार बना हुआ है।

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