
हिमाचल में भारी बारिश ने मचाई तबाही, भरभरा कर गिरी 5 मंजिला इमारत गिरी
Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश के शिमला में बड़ा हादसा हुआ है। भारी बारिश के बाद एक पांच मंजिला इमारत भराभर कर गिर गई। गनीमत रही कि इमारत को पहले ही खाली करा लिया था।
Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में दो दिनों से हो रही लगातार भारी बारिश ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। बारिश के चलते जगह-जगह लैंडस्लाइड (भूस्खलन) की घटनाएं सामने आ रही हैं। सोमवार सुबह शहर के भट्टाकुफर क्षेत्र की माठू कॉलोनी में एक 5 मंजिला इमारत भरभराकर गिर गई, जिससे इलाके में दहशत का माहौल है। बताया जा रहा है कि पास में बन रहे फोरलेन प्रोजेक्ट के कारण इमारत के नीचे बड़ी-बड़ी दरारें आ गई थीं, जिससे इसके गिरने का खतरा पहले ही भांप लिया गया था।
शिमला में लगातार बारिश
शिमला में रविवार रात से ही लगातार बारिश हो रही है. बारिश ने आम जनजीवन पर सीधा असर डाला है. खास तौर पर स्कूल जाने वाले बच्चों को परेशानी झेलनी पड़ रही है. बारिश की वजह से पूरा शहर धुंध की चपेट में आया है. धुंध की वजह से ट्रैफिक की रफ्तार भी धीमी पड़ गई है. आने वाले घंटों में भी शिमला में इसी तरह बारिश होते रहने का अनुमान है.
शिमला के भट्टाकुफर में आज सुबह बहुमंजिला इमारत गिरने का वीडियो ।#Shimla #HimachalWeather #HimachalPradesh pic.twitter.com/JDFX8l3aez
— Gems of Himachal (@GemsHimachal) June 30, 2025
रविवार रात बादल फटने की घटना
भारी बारिश की स्थिति को देखते हुए सात जिलों में फ्लैश फ्लड का येलो अलर्ट जारी किया गया है, जबकि शेष दस जिलों के लिए मौसम विभाग ने भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है। उधर, शिमला जिले के रामपुर क्षेत्र की ग्राम पंचायत सरपारा के सिक्ससेरी गांव में रविवार रात बादल फटने की घटना घटी।
भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने लाहौल-स्पीति और किन्नौर को छोड़कर शेष सभी 10 जिलों में भारी वर्षा की चेतावनी देते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं अगले 24 घंटों के लिए चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर और सोलन जिलों में फ्लैश फ्लड का येलो अलर्ट जारी किया गया है। विभाग ने आगामी 6 जुलाई तक भारी वर्षा की चेतावनी दी है जबकि 2 जुलाई को भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है।
स्थानीय निवासियों में डर का माहौल
लगातार हो रही बारिश व भूस्खलन की आशंका से सहमे हुए हैं। प्रशासन ने क्षेत्र में अलर्ट जारी कर दिया है और फोरलेन निर्माण क्षेत्र की निगरानी बढ़ा दी गई है। लोगों से अपील की गई है कि वे दरकते हुए पहाड़ी क्षेत्रों या जर्जर इमारतों के पास न रहें और किसी भी असुरक्षित संरचना की जानकारी तुरंत स्थानीय प्रशासन को दें।





