Lalu Yadav को राहत नहीं, IRCTC केस में ट्रायल रोकने से हाई कोर्ट ने किया इनकार

Lalu Prasad Yadav: आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव को IRCTC घोटाला मामले में फिलहाल कोई बड़ी राहत नहीं मिली है। दिल्ली हाई कोर्ट ने सोमवार, 5 जनवरी को उनकी याचिका पर CBI को नोटिस जारी किया। लालू यादव ने याचिका में निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें उनके, उनकी पत्नी राबड़ी देवी, और बेटे तेजस्वी यादव सहित 14 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए गए थे।

हालांकि हाई कोर्ट ने ट्रायल पर रोक देने से इनकार कर दिया। अदालत ने कहा कि वह इस पर केवल सीबीआई का जवाब सुनने के बाद कोई निर्णय लेगी। अगली सुनवाई 14 जनवरी 2026 को होगी।

लालू यादव की दलीलें
लालू यादव की ओर से वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने अदालत में तर्क दिया कि निचली अदालत ने यांत्रिक रूप से आरोप तय किए हैं और उनके खिलाफ कोई सीधा सबूत नहीं है। सिब्बल ने यह भी कहा कि IRCTC से जुड़े फैसले बोर्ड के निर्णय थे, न कि रेल मंत्री के कार्यालय द्वारा।

यह भी पढ़ें…

Chapara में ठंड बनी काल… बंद कमरे में अंगीठी जलाने से दादी और तीन मासूमों की मौत

IRCTCIRCTC घोटाले का मामला
IRCTC स्कैम उस समय का है जब लालू यादव 2004 से 2009 तक रेल मंत्री थे। सीबीआई का आरोप है कि लालू यादव ने रेलवे के विभिन्न ज़ोन में ग्रुप “D” पोस्ट पर लोगों को नौकरी देने के बदले अपने परिवार के नाम पर जमीन-जायदाद ट्रांसफर कर आर्थिक लाभ उठाया।

यह भी पढ़ें…

पटना में राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष का भव्य स्वागत, डिप्टी सीएम भी पैदल दौड़े

अदालत की अगली कार्रवाई
दिल्ली हाई कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 14 जनवरी 2026 के लिए तय की है। अदालत इस दौरान सीबीआई की दलीलों और सबूतों को सुनकर आगे का फैसला करेगी।

इस निर्णय से लालू यादव को फिलहाल कोई राहत नहीं मिली, और IRCTC घोटाले के मामले में ट्रायल जल्द शुरू होने की संभावना बढ़ गई है।

यह भी पढ़ें…

Bihar में जमीन विवाद पर बीच बाजार चलीं गोलियां, तीन लोग गंभीर रूप से घायल

Back to top button