
धर्मांतरण के आरोप से गरमाया लखनऊ, तमिलनाडु से आए 5 लोगों से पूछताछ में जुटी पुलिस
Lucknow News: राजधानी लखनऊ के मोहनलालगंज क्षेत्र के भरसवा गांव में बुधवार देर रात कथित धर्मांतरण की सूचना के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि तमिलनाडु से आए कुछ लोग गांव में आर्थिक सहायता और अन्य प्रलोभन देकर लोगों का धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश कर रहे थे। सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और संबंधित मकान का घेराव कर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
स्थिति बिगड़ती देख मोहनलालगंज पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और भीड़ को शांत कराया। पुलिस ने तमिलनाडु से आए पांच लोगों सहित कुल सात लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
ग्रामीणों ने लगाए गंभीर आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि बाहरी लोग पिछले कुछ समय से गांव में सक्रिय थे और गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को विभिन्न प्रकार के प्रलोभन देकर धार्मिक गतिविधियों में शामिल कर रहे थे। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि पहले भी इस तरह की घटनाएं हुई हैं, जिसके चलते गांव में नाराजगी बढ़ती जा रही थी।
हालांकि, इन आरोपों की अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और पुलिस जांच पूरी होने का इंतजार किया जा रहा है।
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पुलिस कर रही है पूछताछ
मोहनलालगंज पुलिस ने सभी संदिग्धों को थाने लाकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस उनके गांव में आने का उद्देश्य, ठहरने की वजह और स्थानीय लोगों से उनके संपर्कों की जानकारी जुटा रही है। साथ ही मौके से मिले दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
इंस्पेक्टर रामबाबू सिंह ने बताया कि मामले में तहरीर प्राप्त हो चुकी है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
क्षेत्र में बढ़ाई गई सुरक्षा
घटना के बाद गांव में एहतियात के तौर पर पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना न हो। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है।
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जांच के बाद तय होगी कार्रवाई
पुलिस का कहना है कि फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। यदि जांच में अवैध धर्मांतरण, प्रलोभन या संबंधित कानूनों के उल्लंघन के पर्याप्त साक्ष्य मिलते हैं तो आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
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