
UP के 13 जिलों में मिले संदिग्ध हेल्थ सप्लीमेंट्स, खाद्य सुरक्षा विभाग का बड़ा एक्शन
UP Food Safety Action: उत्तर प्रदेश में आम जनता की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले घटिया और संदिग्ध हेल्थ सप्लीमेंट्स के बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है। राज्य के खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रदेश के 13 प्रमुख जिलों में बड़े पैमाने पर बिक रहे संदिग्ध हेल्थ सप्लीमेंट्स और न्यूट्रास्यूटिकल्स (Nutraceuticals) का भंडाफोड़ किया है।
जांच टीमों ने छापेमारी के दौरान कई प्रतिष्ठानों से लाखों रुपये मूल्य के संदिग्ध खाद्य पूरकों की खेप जब्त कर जांच शुरू कर दी है।
13 जिलों में चला व्यापक चेकिंग अभियान
प्रशासन को लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं कि जिम जाने वाले युवाओं और सेहत बनाने के इच्छुक लोगों को बिना उचित लाइसेंस और मानकों के घटिया हेल्थ सप्लीमेंट्स बेचे जा रहे हैं। इन शिकायतों का कड़ा संज्ञान लेते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने राज्य के 13 संवेदनशील जिलों में विशेष जांच अभियान चलाया।
इस अभियान के तहत मेडिकल स्टोर, सप्लीमेंट स्टोर्स और जिम से जुड़े वितरकों के ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की गई, जिससे अवैध सप्लीमेंट कारोबारियों में हड़कंप मच गया।
सैंपल लैब भेजे गए
कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने प्रोटीन पाउडर, न्यूट्रास्यूटिकल्स, मल्टीविटामिन और वेट गेनर जैसे दर्जनों उत्पादों के सैंपल एकत्र किए हैं। इन सभी नमूनों को सरकार की मान्यता प्राप्त प्रयोगशालाओं (Labs) में जांच के लिए भेज दिया गया है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार यदि लैब रिपोर्ट में किसी भी सप्लीमेंट में सेहत के लिए हानिकारक तत्व, प्रतिबंधित स्टेरॉयड या मानकों में हेरफेर पाया जाता है, तो संबंधित निर्माताओं और विक्रेताओं के खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन की विशेष चेतावनी
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आम नागरिकों और युवाओं को बिना किसी योग्य विशेषज्ञ या डॉक्टर की सलाह के ऑनलाइन या अनाधिकृत दुकानों से सस्ते हेल्थ सप्लीमेंट्स खरीदने से बचने की सलाह दी है। अधिकारियों ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे हमेशा एफएसएसएआई (FSSAI) पंजीकृत लाइसेंस धारकों से ही प्रामाणिक बिल के साथ उत्पाद खरीदें, ताकि अपनी सेहत की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।





