
रूस में प्लेग से मचा हड़कंप, जानें क्या हैं इसके लक्षण और खतरे?
Plague: कोरोना महामारी के खौफ से अभी दुनिया पूरी तरह उबरी भी नहीं थी कि रूस से एक चिंताजनक खबर सामने आ रही है। रूस में खतरनाक और जानलेवा माने जाने वाले न्यूमोनिक प्लेग (Pneumonic Plague) के संक्रमण के चलते एक महिला लैब टेक्नीशियन की मौत हो गई है।
इस घटना के सामने आने के बाद से रूसी स्वास्थ्य विभाग और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिकित्सा जगत में हड़कंप मच गया है। प्रशासन ने तुरंत एहतियाती कदम उठाते हुए सतर्कता बढ़ा दी है ताकि संक्रमण को आगे फैलने से रोका जा सके।
क्या है न्यूमोनिक प्लेग और इसके लक्षण?
चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार, प्लेग मुख्य रूप से ‘येर्सिनिया पेस्टिस’ (Yersinia pestis) नामक बैक्टीरिया के कारण फैलता है। प्लेग के कई रूप होते हैं, जिनमें ‘न्यूमोनिक प्लेग’ सबसे खतरनाक और तेजी से फैलने वाला रूप माना जाता है। यह फेफड़ों को सीधे तौर पर संक्रमित करता है और खांसने या छींकने से निकलने वाली हवा की बूंदों के जरिए एक इंसान से दूसरे इंसान में बहुत तेजी से फैल सकता है।
न्यूमोनिक प्लेग के प्रमुख लक्षणों में अचानक तेज बुखार आना, सिरदर्द, कमजोरी, सांस लेने में गंभीर तकलीफ, सीने में तेज दर्द और खांसते समय खून आना शामिल है। यदि समय पर इस बीमारी की पहचान न हो और इसका इलाज न किया जाए, तो यह संक्रमण मरीज के लिए कुछ ही घंटों में जानलेवा साबित हो सकता है।
स्वास्थ्य एजेंसियों ने बढ़ाई चौकसी
रिपोर्ट्स के मुताबिक, मृत महिला एक रिसर्च लैब में कार्यरत थी, जहां इस खतरनाक बैक्टेरिया पर अध्ययन किया जा रहा था। फिलहाल स्वास्थ्य अधिकारियों ने संपर्क में आए लोगों की ट्रेसिंग शुरू कर दी है और एहतियात के तौर पर आइसोलेशन तथा मेडिकल सर्विलांस बढ़ा दिया गया है।
डॉक्टरों का कहना है कि शुरुआती दौर में ही एंटीबायोटिक्स दवाओं के जरिए इस पर काबू पाया जा सकता है, लेकिन इसके अत्यधिक संक्रामक स्वभाव के कारण वैश्विक स्वास्थ्य एजेंसियां भी पूरी स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।




