Cyclone Murasu: चक्रवात ‘मुरासु’ ने पार किया आंध्र तट, 12 घंटे तेज बारिश की आशंका

बंगाल की खाड़ी से पिछले कुछ दिनों से लगातार त तबाही का संकेत दे रहा गंभीर चक्रवाती तूफान ‘मुरुसु’ (Cyclone Murasu) आखिरकार आंध्र प्रदेश के तट से टकरा गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, इस चक्रवाती तूफान ने तड़के दक्षिण आंध्र प्रदेश के तट को नेल्लोर और नरसपुर के बीच ओंगोल (Ongole) के पास पार किया।

लैंडफॉल (Landfall) के इस प्रक्रिया के दौरान हवा की अधिकतम रफ्तार 100 से 110 किमी प्रति घंटा रही, जो झटकों के साथ 120 किमी प्रति घंटा तक पहुंच गई।

तटीय जिलों में भारी बारिश

चक्रवात ‘मुरुसु’ के तट से टकराने के बाद आंध्र प्रदेश के कई तटीय जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश का दौर शुरू हो गया है। प्रकाशम, बापटला, नेल्लोर, कृष्णा और गुंटूर जिलों के निचले इलाकों में भारी जलभराव की खबरें सामने आ रही हैं। कई जगहों पर तेज हवाओं के कारण पेड़ उखड़ने और बिजली के पोल टूटने से आपूर्ति बाधित हुई है। सड़कों पर पानी भरने के कारण यातायात भी प्रभावित हुआ है और कुछ स्थानों पर वाहन फंसे नजर आए।

धीरे-धीरे कमजोर पड़ रहा है तूफान

मौसम विभाग के ताजा अपडेट के मुताबिक, लैंडफॉल की प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह गंभीर चक्रवाती तूफान उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है और अब यह धीरे-धीरे कमजोर होकर एक साधारण चक्रवाती तूफान (Cyclonic Storm) में तब्दील हो रहा है, जिसकी हवा की रफ्तार घटकर 80-90 किमी प्रति घंटा रह गई है। अनुमान जताया जा रहा है कि आज मध्यरात्रि तक यह और कमजोर होकर एक गहरे दबाव (Deep Depression) के क्षेत्र में परिवर्तित हो जाएगा।

कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

चक्रवात के असर से केवल आंध्र प्रदेश ही नहीं, बल्कि पड़ोसी राज्यों में भी मौसम का मिजाज बिगड़ गया है:

  • तमिलनाडु और पुडुचेरी: चेन्नई समेत कई उत्तरी जिलों में पिछले 24 घंटों से लगातार बारिश जारी है, जिससे कुछ हिस्सों में जलभराव की समस्या हुई है।

  • तेलंगाना और दक्षिण ओडिशा: मुरुसु के प्रभाव के कारण तेलंगाना के कई जिलों और दक्षिण ओडिशा में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।

  • राहत और बचाव कार्य: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर हालात और राहत कार्यों की जानकारी साझा की है। प्रभावित इलाकों में एनडीआरएफ (NDRF) और एसडीआरएफ (SDRF) की टीमों को तैनात किया गया है तथा लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है।

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