
CM योगी का बड़ा बयान, बोले- अयोध्या आस्था का केंद्र है, राजनीति का नहीं
CM Yogi Ayodhya: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के विकास, अयोध्या के बदलते स्वरूप और दीपोत्सव की 10 साल की यात्रा पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि अयोध्या उनके लिए राजनीति का विषय नहीं, बल्कि आस्था और श्रद्धा की नगरी है।
मुख्यमंत्री ने दीपोत्सव के आंकड़ों का जिक्र करते हुए बताया कि पहले आयोजन में जहां महज 2.55 लाख दीप जलाए गए थे, वहीं दसवें दीपोत्सव तक यह संख्या 70 लाख से अधिक पहुंच गई।
10 साल में बदली अयोध्या की तस्वीर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दीपोत्सव की शुरुआत का जिक्र करते हुए बताया कि पहले दीपोत्सव में अयोध्या जिले में करीब 2.55 लाख दीप जलाने की व्यवस्था की गई थी। उस समय दीप जलाने के लिए प्रदेश के दूसरे जिलों से भी दीप मंगवाने पड़े थे।
उन्होंने कहा कि दसवें दीपोत्सव तक अकेले अयोध्या नगरी में 70 लाख से अधिक दीप प्रज्वलित किए गए। राम की पैड़ी, नए घाट और गुप्तार घाट समेत घाटों की श्रृंखला में लगभग 36 लाख दीप जलाए गए।
योगी ने कहा कि दीपोत्सव की बढ़ती भव्यता उत्तर प्रदेश की आर्थिक समृद्धि और लोगों की भागीदारी को भी दर्शाती है।
उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ गांव, गरीब, किसान, दलित, वंचित और महिलाओं तक बिना भेदभाव पहुंचाने का प्रयास किया गया है।
योगी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि जिन लोगों ने पहले अयोध्या की उपेक्षा की, वे आज शहर में हो रहे बदलाव को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।
‘रामभक्तों की भावनाओं से खिलवाड़ करने वाला नहीं टिकेगा’
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अयोध्या में अब रामभक्तों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ करने वाली राजनीति नहीं चलेगी।
उन्होंने कहा कि अयोध्या आस्था और श्रद्धा का केंद्र है, राजनीति का अखाड़ा नहीं। रामभक्तों की भावनाओं का सम्मान और संतों के मार्गदर्शन में अयोध्या का विकास सरकार की प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री के संबोधन का संदेश साफ था कि सरकार अयोध्या के विकास को धार्मिक विरासत, सांस्कृतिक पहचान और आर्थिक प्रगति से जोड़कर आगे बढ़ाना चाहती है।





