
‘आपके आलू का कोई सोना नहीं बना सकता’, गुजरात में PM Modi का राहुल गांधी पर तंज
PM Modi in Banaskantha: अपने दो दिवसीय गुजरात दौरे के पहले दिन शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तरी गुजरात के बनासकांठा जिले में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान पीएम मोदी का बेहद अनूठा और आक्रामक अंदाज देखने को मिला।
मंच से जनसमुदाय को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने राहुल गांधी के पुराने बयान को लेकर विपक्ष पर करारा राजनीतिक तंज कसा। इसके साथ ही इस जनसभा की अनोखी व्यवस्था ने भी देश भर का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
‘बनासकांठा का आलू विश्व प्रसिद्ध’
जनसभा में किसानों की बड़ी भागीदारी को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बनासकांठा के आलू उत्पादक किसानों की जमकर तारीफ की। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि बनासकांठा का आलू पूरी दुनिया में अपनी खास पहचान रखता है और यहां के किसानों का हुनर अद्भुत है।
आगे तंज कसते हुए पीएम मोदी ने कहा कि बनासकांठा में आकर कोई नेता यह नहीं कहता कि वह मशीन में एक तरफ से आलू डालेगा और दूसरी तरफ से सोना निकालेगा, क्योंकि यहां के मेहनती किसान अपनी दिन-रात की मेहनत से पहले ही आलू से सोना बना रहे हैं। प्रधानमंत्री के इस बयान पर रैली में मौजूद हजारों किसानों ने जोरदार तालियों और ठहाकों के साथ उनका समर्थन किया।
कुर्सियों की जगह बिछाई गईं चारपाइयां
इस रैली का सबसे दिलचस्प और हैरान कर देने वाला पहलू वहां की बैठने की व्यवस्था थी। आमतौर पर राजनीतिक रैलियों में प्लास्टिक या लोहे की कुर्सियां लगाई जाती हैं, लेकिन बनासकांठा की इस सभा में किसानों के बैठने के लिए मैदान में हजारों पारंपरिक चारपाइयां (खाट) बिछाई गई थीं। उन्होंने कहा कि देश के बाकी लोगों के लिए यह नजारा किसी बड़े अजूबे से कम नहीं होगा कि इतनी बड़ी राजनीतिक सभा में सभी लोग आराम से चारपाई पर बैठे हुए हैं।
उन्होंने कहा कि बनासकांठा के लोगों ने ग्रामीण भारत की इस पुरानी और पवित्र परंपरा को आज भी जीवंत रखा है। पीएम मोदी ने चुटकी लेते हुए कहा कि अगर आज यहां गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स की टीम आई होती, तो एक साथ इतनी खाटों पर बैठकर सभा सुनने का यह अनूठा रिकॉर्ड दर्ज हो जाता।
बनासकांठा को दी 14 हजार करोड़ की सौगात
राजनीतिक बयानों और अनूठी खाट सभा के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने क्षेत्र को विकास की कई बड़ी सौगातें भी दीं। उन्होंने बनासकांठा से ही देश भर के करोड़ों किसानों के खाते में ‘प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि’ (PM-KISAN) की 24वीं किस्त के रूप में करीब 19,000 करोड़ रुपये की राशि सीधे डीबीटी के जरिए ट्रांसफर की।
इसके अलावा उन्होंने कृषि, पशुपालन, डेयरी प्रोसेसिंग और शहरी कनेक्टिविटी को गति देने वाली 14,000 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया।
अपने दौरे के दूसरे दिन यानी 31 अक्टूबर को प्रधानमंत्री स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (Statue of Unity) पर देश के पहले गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर उन्हें पुष्पांजलि अर्पित करेंगे। इस वर्ष राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह की मुख्य थीम ‘वंदे मातरम’ रखी गई है।





